Vastu colours for kitchen cabinets: किचन कैबिनेट के लिए वास्तु शास्त्र अनुसार कौन से रंग सही हैं? जानें सही और गलत रंगों का चयन
किचन में रंगों का वास्तु से क्या संबंध है?
वास्तु शास्त्र में किचन को अग्नि तत्व का स्थान माना गया है. यहां खाना बनता है, यानी यहीं से जीवन ऊर्जा तैयार होती है, अगर इसमें सही रंगों का इस्तेमाल हो, तो वो इस ऊर्जा को बढ़ा सकते हैं और परिवार में खुशहाली ला सकते हैं. उल्टा, अगर रंगों का चुनाव गलत हो, तो नेगेटिविटी और तनाव भी बढ़ सकता है.
सफेद रंग से किचन खुला और साफ-सुथरा दिखता है. यह शांति और पवित्रता का संकेत देता है, अगर आप चाहते हैं कि किचन में साफ़गोई और सकारात्मक माहौल बना रहे, तो सफेद एक बेहतरीन ऑप्शन है.
3. पीला (Yellow):
पीला रंग ऊर्जा और खुशी का प्रतीक माना जाता है. हल्के पीले से लेकर गहरे नींबू रंग तक की शेड्स किचन को न सिर्फ फ्रेश लुक देती हैं बल्कि भूख भी बढ़ाती हैं.
ये रंग स्थिरता और घरेलूपन का अहसास देता है, अगर आप एक शांत, पारिवारिक माहौल चाहते हैं, तो हल्का भूरा रंग बढ़िया रहेगा.
5. पीच (Peach):
पीच रंग नरम और आरामदायक महसूस कराता है. यह रंग बातचीत को बढ़ावा देता है और एक सुकूनभरा माहौल बनाता है.
1. प्लेटफॉर्म के लिए रंग:
प्लेटफॉर्म हल्के रंगों का होना चाहिए जैसे सफेद, क्रीम या हल्का ग्रे. इससे सफाई बनी रहती है और किचन खुला लगता है.
2. कैबिनेट्स के रंग:
हल्के पीले, क्रीम या हरे रंग के कैबिनेट्स वास्तु के अनुसार बेहतर माने जाते हैं, ये साफ-सुथरे दिखते हैं और किचन में संतुलन बनाए रखते हैं.
फर्श पर बहुत डार्क रंग से बचें. हल्का भूरा, क्रीम या हल्के गुलाबी रंग बढ़िया माने जाते हैं. ये रंग स्थिरता और ग्राउंडेड महसूस कराते हैं.
4. टाइल्स का रंग:
टाइल्स के लिए हल्के नीले, हरे या सफेद रंग का इस्तेमाल करें, ये रंग साफ-सफाई का अहसास देते हैं और रोशनी को बेहतर तरीके से रिफ्लेक्ट करते हैं.
तेज़ लाल रंग किचन में गुस्सा और तनाव ला सकता है. वहीं गहरा भूरा रंग भारीपन देता है जो नेगेटिव ऊर्जा को बढ़ा सकता है.
3. चटक और नीयॉन रंग:
बहुत ज़्यादा चटक या नीयॉन रंग आंखों को चुभते हैं और किचन के शांत माहौल को बिगाड़ सकते हैं.


