घर में चाहिए सुख-शांति, तो बदलें रोजमर्रा की ये 5 आदतें, क्या कहता वास्तु

घर में चाहिए सुख-शांति, तो बदलें रोजमर्रा की ये 5 आदतें, क्या कहता वास्तु

Last Updated:

 Ambala News: नमक को नकारात्मक ऊर्जा सोखने वाला तत्व माना गया है. यही कारण है कि इसका हाथों से सीधा लेन-देन अशुभ बताया गया है. कई परिवारों में आज भी नमक को मेज या कटोरी में रखकर देने की परंपरा निभाई जाती है, क्योंकि मान्यता है कि ऐसा करने से रिश्तों में मिठास बनी रहती है.

अंबाला: घरों में अक्सर पड़ोसी, रिश्तेदार या परिचित को कोई जरूरी सामान तुरंत हाथ में पकड़ा देने की आदत होती है. दरअसल चाकू, कैंची, नमक, तेल या लोहे की कई वस्तु को सीधे थमा देना सामान्य व्यवहार माना जाता है, लेकिन वास्तु और ज्योतिष शास्त्र में कुछ चीजों के हाथ से हाथ में लेन-देन को अशुभ बताया गया है. बता दें कि विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसी छोटी आदतें घर की ऊर्जा, आर्थिक स्थिति और रिश्तों पर असर डाल सकती हैं.

वहीं इस बारे में लोकल 18 को ज्यादा जानकारी देते हुए अंबाला के ज्योतिषाचार्य पंडित दीपलाल जयपुरी बताते हैं कि भारतीय परंपरा में वस्तुओं का लेन-देन केवल सुविधा नहीं, बल्कि ऊर्जा के आदान-प्रदान से भी जुड़ा माना गया है. कुछ वस्तुएं विशेष ग्रहों और सूक्ष्म ऊर्जाओं से संबंधित मानी जाती हैं. इन्हें सीधे हाथ में देने से नकारात्मक ऊर्जा सक्रिय हो सकती है, जिससे घर में तनाव, आर्थिक तंगी और आपसी मनमुटाव बढ़ने की आशंका रहती है.

धारदार चीजों को सीधे हाथ में देना वर्जित
उन्होंने कहा कि वास्तु शास्त्र में सुई, कील, चाकू और कैंची जैसी धारदार चीजों को सीधे हाथ में देना वर्जित माना गया है. मान्यता है कि इससे संबंधों में कटुता और विवाद की स्थिति बन सकती है. वह सलाह देते हैं कि ऐसी वस्तुओं को मेज, ट्रे या जमीन पर रखकर सामने वाले से उठाने के लिए कहा जाए, तो इससे ऊर्जा का सीधा टकराव नहीं होता है.

वहीं पंडित दीपलाल जयपुरी बताते हैं कि तेल का संबंध शनिदेव से माना जाता है, इसलिए विशेष रूप से शनिवार के दिन तेल का हाथ से हाथ में लेन-देन अशुभ माना गया है. मान्यता है कि इससे शनि दोष के प्रभाव बढ़ सकते हैं और व्यक्ति को कार्यों में बाधा, आर्थिक दबाव और मानसिक तनाव का सामना करना पड़ सकता है. इसलिए तेल हमेशा किसी कटोरी, बोतल या अन्य बर्तन में रखकर देना चाहिए.

बनी रहेगी रिश्तों में मिठास
उन्होंने बताया कि नमक को नकारात्मक ऊर्जा सोखने वाला तत्व माना गया है. यही कारण है कि इसका हाथों से सीधा लेन-देन अशुभ बताया गया है. कई परिवारों में आज भी नमक को मेज या कटोरी में रखकर देने की परंपरा निभाई जाती है, क्योंकि मान्यता है कि ऐसा करने से रिश्तों में मिठास बनी रहती है और अनावश्यक तनाव नहीं बढ़ता है. उन्होंने बताया कि वास्तु शास्त्र के अनुसार, जूते-चप्पल सीधे हाथ में थमाना भी शुभ नहीं माना जाता है. इन्हें थैली में रखकर या नीचे रखकर देना बेहतर माना गया है.

शनि के अशुभ प्रभाव का खतरा
इसके साथ ही लोहे की वस्तुओं का संबंध भी शनि ग्रह से जोड़ा जाता है. लोहे की कील, औजार या अन्य वस्तुएं सीधे हाथ में देने से शनि के अशुभ प्रभाव बढ़ने की मान्यता है. उन्होंने कहा कि वास्तु शास्त्र में इन मान्यताओं का उद्देश्य केवल अंधविश्वास फैलाना नहीं, बल्कि सावधानी, शिष्टाचार और मानसिक संतुलन को बढ़ावा देना भी है. धारदार वस्तु को सीधे हाथ में देने से चोट का खतरा रहता है, जबकि बर्तन या थैली का उपयोग सुरक्षित तरीका माना जाता है.

वहीं पंडित दीपलाल जयपुरी का कहना है, ‘घर की सुख-शांति केवल बड़े उपायों से नहीं, बल्कि रोजमर्रा की छोटी आदतों से भी जुड़ी होती है. यदि संभव हो तो इन वस्तुओं को सीधे हाथ में देने के बजाय किसी माध्यम से देना अधिक शुभ और सुरक्षित माना जाता है. यही कारण है कि आज भी कई परिवार इन पारंपरिक नियमों को अपने दैनिक जीवन में महत्व देते हैं.

About the Author

आर्यन सेठ

आर्यन सेठ, News18 Hindi में डिजिटल डेस्क पर जुड़े हैं और जनवरी 2026 से उत्तर प्रदेश की राजनीति, अपराध, प्रशासन, वायरल और अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर खबरें लिखते हैं. जामिया मिलिया इस्लामिया दिल्ल…और पढ़ें

Disclaimer: इस खबर में दी गई जानकारी, राशि-धर्म और शास्त्रों के आधार पर ज्योतिषाचार्य और आचार्यों से बात करके लिखी गई है. किसी भी घटना-दुर्घटना या लाभ-हानि महज संयोग है. ज्योतिषाचार्यों की जानकारी सर्वहित में है. बताई गई किसी भी बात का Local-18 व्यक्तिगत समर्थन नहीं करता है.

Source link

You May Have Missed