श्रीकृष्ण ने दुर्योधन से मांगे थे केवल 5 गांव, इस समय किस शहर के नाम से हैं प्रसिद्ध

श्रीकृष्ण ने दुर्योधन से मांगे थे केवल 5 गांव, इस समय किस शहर के नाम से हैं प्रसिद्ध

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श्रीकृष्ण ने दुर्योधन से मांगे थे 5 गांव, इस समय किस शहर के नाम से प्रसिद्ध

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Mahabharat Panch Gram Modern Name: भगवान श्रीकृष्ण ने पांडवों के रहने के लिए दुर्योधन से केवल 5 गांव मांगे थे, लेकिन अपने अहंकार की वजह से उसने कुछ नहीं ​दिया. जिसकी वजह से महाभारत का भीषण युद्ध हुआ. श्रीकृष्ण ने जो 5 गांव मांगे थे, उनके नाम क्या थे और इस समय किस शहर के नाम से प्रसिद्ध हैं?

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पांडवों के 5 गांवों के वर्तमान नाम क्या हैं? (Photo: AI)

Mahabharat Panch Gram Modern Name: द्वापर युग में जब कौरवों और पांडवों में सत्ता और अधिकारों को लेकर संघर्ष शुरू हुआ तो भगवान श्रीकृष्ण मध्यस्थता करने हस्तिनापुर आए. उन्होंने महाराज धृतराष्ट्र और दुर्योधन को समझाया कि वे पांडवों को उनका हक दें. भगवान श्रीकृष्ण ने कौरवों से कहा कि पांडवों को केवल 5 गांव ही दे दो, वे उसमें ही खुश रहेंगे. लेकिन दुर्योधन 5 पांडवों को सुई की नोक के बराबर भी जमीन देने के लिए राजी नहीं हुआ. उल्टे उसने भगवान श्रीकृष्ण का अपमान किया और उनको ही बंदी बनाने चला. भगवान श्रीकृष्ण नहीं चाहते थे कि महाभारत का विनाशकारी युद्ध हो, लेकिन कौरवों के हठ की वजह से उसे टाला नहीं जा सका.

भगवान श्रीकृष्ण ने कौन से 5 ग्राम मांगे

महाभारत काल के समय भगवान श्रीकृष्ण ने कौरवों से केवल 5 ही ग्राम देने की बात कही थी. लेकिन दुर्योधन के अहंकार ने ऐसा नहीं होने दिया. उन 5 गांवों के नाम नीचे दिए गए हैं-

  1. पहला गांव था इंद्रप्रस्थ
  2. दूसरा गांव था पानप्रस्थ, जिसे पाणिप्रस्थ या पांडुप्रस्थ भी कहा जाता था.
  3. तीसरा गांव था स्वर्णप्रस्थ, इसे सुवर्णप्रस्थ भी कहते थे.
  4. चौथा गांव था व्याघ्रप्रस्थ या बागप्रस्थ. कुछ लोग इसे गजप्रस्थ भी बताते हैं.
  5. पांचवा गांव था तिलप्रस्थ

पांडवों के 5 गांव के वर्तमान नाम

वर्तमान समय में महाभारत काल के गांवों को अब ढूंढा जाए तो वे भारत के नक्शे पर नहीं मिलते हैं. उसमें एक गांव इंद्रप्रस्थ अपवाद है. समय के साथ उन गांवों का नाम बदल दिया गया. वर्तमान समय में पांडवों के 5 गांव दिल्ली एनसीआर और उसके आस पास के क्षेत्रों में आते हैं.

  • वर्तमान समय में इंद्रप्रस्थ देश की राजधानी दिल्ली है.
  • पानप्रस्थ गांव वर्तमान समय में हरियाणा का पानीपत है.
  • स्वर्णप्रस्थ गांव वर्तमान में हरियाणा का सोनीपत शहर है.
  • तिलप्रस्थ गांव को इस समय हम फरीदाबाद के नाम से जानते हैं.
  • व्याघ्रप्रस्थ या बागप्रस्थ वर्तमान में बागपत है. वहीं जो लोग गजप्रस्थ कहते हैं, वो वर्तमान समय का गाजियाबाद शहर है.

इन गांवों के क्यों बदल गए नाम?

भारत में पीआईएल मैन के नाम से जाने जानेवाले अश्विनी कुमार उपाध्याय का कहना है कि बाइबिल और कुरान में जिन जगहों के नाम दिए गए हैं, वे आज भी मौजूद हैं. लेकिन रामायण, महाभारत काल में जिन जगहों का उल्लेख है, उनके नाम बदल दिए गए, जिसकी वजह से आज उनके बारे में कहा जाता है, तो वे देश के नक्शे पर दिखाई नहीं देते हैं.

उनका कहना है कि गाजी खान ने गजप्रस्थ का नाम बदलकर गाजियाबाद कर दिया, वहीं फरीद खान ने तिलप्रस्थ का नाम बदलकर फरीदाबाद कर दिया. ऐसे ही स्वर्णप्रस्थ सोनीपत हो गया, पानप्रस्थ पानीपत हो गया और इंद्रप्रस्थ दिल्ली हो गया. अब जब हम महभारत या रामायण की बातें करते हैं तो लोग उसे काल्प​निक मान लेते हैं क्योंकि वर्तमान समय में वे जगहें तत्कालीन नामों से नहीं हैं.

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कार्तिकेय तिवारीDeputy News Editor

कार्तिकेय तिवारी Hindi News18 Digital में Deputy News Editor के पद पर कार्यरत हैं. वर्तमान में धर्म, ज्योतिष, वास्तु और फेंगशुई से जुड़ी खबरों पर काम करते हैं. धर्म में पचांग, पुराणों और शास्त्रों के आधार पर व्…और पढ़ें

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