14 Laung Ke Upay: पुरानी बीमारियां और बाधाएं दूर करने के लिए सत्यनारायण पूजा में करें ये 3 आसान उपाय
14 लौंग वाला लड्डू चढ़ाने का महत्व
शास्त्रों और परंपरा में लौंग को शुभ और शक्तिशाली माना गया है. लौंग से निकलने वाली खुशबू नकारात्मक ऊर्जा को खत्म करती है. यही वजह है कि कई धार्मिक विधियों में लौंग का इस्तेमाल जरूर किया जाता है.
2. इस उपाय से घर में सुख-शांति बनी रहती है और अचानक आने वाली मुश्किलें धीरे-धीरे कम होने लगती हैं.
3. 14 लौंग का अंक चंद्रमा और शांति से जुड़ा होता है, इसलिए यह उपाय मानसिक शांति भी देता है.
कलाई पर 14 ग्रंथ वाला रश्मि धागा बांधने का उपाय
पूजा के समय कलाई पर रश्मि धागा बांधना पुरानी परंपरा है. इसमें 14 ग्रंथ यानी 14 गांठें लगाई जाती हैं. यह धागा सुरक्षा कवच की तरह काम करता है.
अगर परिवार का कोई सदस्य लंबे समय से बीमारी से परेशान है और इलाज के बाद भी आराम नहीं मिल रहा है, तो सत्यनारायण भगवान की पूजा के समय अनार का उपाय करना बहुत लाभकारी होता है.
2. इसके बाद उस अनार को भगवान के कलश पर चढ़ा दें.
3. पूजा समाप्त होने के बाद वह अनार किसी गाय को खिला दें.
माना जाता है कि ऐसा करने से बीमारी का असर धीरे-धीरे कम होने लगता है और घर का वातावरण भी सकारात्मक बनता है.
इस पूजा और उपायों से मिलने वाले लाभ
1. घर में शांति और सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती है.
2. पुरानी बीमारियों से छुटकारा मिलने लगता है.
3. परिवार में आपसी संबंध मजबूत होते हैं.
4. आर्थिक संकट से राहत मिलती है.
5. बुरी नजर और बाधाएं दूर होती हैं.


