घर में चाहिए सुख-समृद्धि, तो पायदान रखते समय इन बातों का रखें ध्यान

घर में चाहिए सुख-समृद्धि, तो पायदान रखते समय इन बातों का रखें ध्यान

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वास्तु शास्त्र में घर के मुख्य दरवाजे पर रखे पायदान को भी काफी महत्वपूर्ण माना गया है. मान्यता है कि सही दिशा और सही रंग का पायदान घर में सकारात्मक ऊर्जा और सुख-समृद्धि बढ़ाने में मदद करता है. वहीं गंदा या फटा पायदान नकारात्मकता और तनाव का कारण बन सकता है, इसलिए वास्तु के अनुसार कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना फायदेमंद माना जाता है.

फरीदाबाद: घर में सुख-शांति और सकारात्मक माहौल बना रहे इसके लिए लोग वास्तु शास्त्र के नियमों का पालन करते हैं. घर की दिशा से लेकर रसोई, मंदिर और फर्नीचर तक हर चीज को वास्तु के अनुसार रखने की सलाह दी जाती है. लेकिन अक्सर एक छोटी सी चीज ऐसी होती है जिस पर लोगों का ध्यान नहीं जाता और वह है घर के मुख्य दरवाजे पर रखा पायदान. देखने में साधारण लगने वाला यही पायदान वास्तु के अनुसार घर की खुशहाली और सकारात्मक ऊर्जा से जुड़ा माना गया है. कहा जाता है कि मुख्य द्वार से ही घर में सुख-समृद्धि और नकारात्मक ऊर्जा दोनों का प्रवेश होता है इसलिए वहां रखी हर चीज का सही होना जरूरी है.

घर में पायदान रखने का तरीका

Local18 से बातचीत में बल्लभगढ़ के महंत कामेश्वरानंद वेदांताचार्य बताते हैं घर के मुख्य दरवाजे पर रखा जाने वाला पायदान हमेशा साफ-सुथरा और समतल होना चाहिए. पायदान कभी भी फटा, पुराना या गंदा नहीं होना चाहिए. फटा हुआ पायदान घर में आर्थिक तंगी और कलह का कारण बन सकता है. इससे परिवार में लड़ाई-झगड़े बढ़ते हैं और मानसिक तनाव बना रहता है. इसलिए समय-समय पर पायदान बदलते रहना चाहिए और उसकी साफ-सफाई का खास ध्यान रखना चाहिए.

कौन से रंग का रखें पायदान

महंत कामेश्वरानंद वेदांताचार्य बताते हैं वास्तु शास्त्र में घर की दिशा के अनुसार पायदान का रंग भी तय किया गया है. जिन लोगों का घर पूर्व मुखी है उन्हें पीले या सफेद रंग का पायदान रखना शुभ माना जाता है. वहीं उत्तर मुखी घर वालों को हरे या नीले रंग का पायदान इस्तेमाल करना चाहिए. दक्षिण मुखी घर के लिए लाल या नारंगी रंग का पायदान अच्छा माना गया है. जबकि पश्चिम मुखी घर वालों को सुनहरे या ग्रे रंग का पायदान रखने की सलाह दी जाती है. सही रंग का पायदान घर में सकारात्मक ऊर्जा बढ़ाने का काम करता है.

ओम या स्वस्तिक बने हुए पायदान का इस्तेमाल न करें

महंत कामेश्वरानंद वेदांताचार्य बताते हैं कभी भी ओम या स्वस्तिक बने हुए पायदान का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए क्योंकि इन पर पैर पड़ता है जो शुभ नहीं माना जाता. इसके अलावा एक खास उपाय और बता रहा हूं. साबुत खड़े नमक को किसी कपड़े में बांधकर पायदान के नीचे रखने से घर की नकारात्मक ऊर्जा वहीं रुक जाती है और मां लक्ष्मी का आगमन होता है. इतना ही नहीं घर में पोछा लगाते समय पानी में थोड़ा नमक मिलाने से भी नकारात्मकता दूर होती है और घर में सुख-शांति बनी रहती है.

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Vivek Kumar

विवेक कुमार एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें मीडिया में 10 साल का अनुभव है. वर्तमान में न्यूज 18 हिंदी के साथ जुड़े हैं और हरियाणा, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड की लोकल खबरों पर नजर रहती है. इसके अलावा इन्हें देश-…और पढ़ें

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