हथेली की इन रेखाओं में छिपा है शादी का राज, विवाह रेखा से जानें कब होगी शादी

हथेली की इन रेखाओं में छिपा है शादी का राज, विवाह रेखा से जानें कब होगी शादी

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हथेली की विवाह रेखा से शादी और रिश्तों के बारे में कई संकेत मिलते हैं. कनिष्ठा उंगली के नीचे स्थित यह रेखा साफ, गहरी और सीधी हो तो वैवाहिक जीवन सुखद माना जाता है. टूटी या धुंधली रेखा रिश्तों में बाधा का संकेत देती है. शादी में देरी हो तो गुरुवार को केले के पेड़ की पूजा और लक्ष्मी-नारायण की आराधना लाभकारी मानी जाती है.

फरीदाबाद: शादी कब होगी रिश्ता टिकेगा या बीच में अड़चन आएगी. ये सवाल लगभग हर किसी के मन में कभी न कभी जरूर आते हैं. हस्तरेखा शास्त्र में हाथ की कुछ खास रेखाओं को देखकर वैवाहिक जीवन से जुड़े कई संकेत मिलते हैं. कई बार शादी तय होकर टूट जाती है, लेकिन कहा जाता है कि इसके संकेत पहले से ही हथेली में मौजूद होते हैं बस उन्हें समझने की जरूरत होती है.

विवाह रेखा देती है जानकारी

Local18 से बातचीत में बल्लभगढ़ स्थित उदासीन आश्रम के महंत कामेश्वरानंद वेदांताचार्य ने बताया विवाह रेखा छोटी उंगली यानी कनिष्ठा उंगली के नीचे बुध पर्वत पर होती है. यह रेखा जितनी साफ, गहरी और स्पष्ट होगी वैवाहिक जीवन उतना ही सुखद माना जाता है. अगर यह रेखा हृदय रेखा के काफी पास हो, तो शादी 20 से 24 वर्ष की उम्र में होने की संभावना रहती है. वहीं यदि यह दोनों के बीच में हो तो विवाह 25 से 26 वर्ष के आसपास होता है.

कैसी होनी चाहिए विवाह रेखा 

आश्रम के महंत कामेश्वरानंद वेदांताचार्य ने बताया विवाह रेखा का साफ और सीधा होना अच्छे जीवनसाथी और मजबूत रिश्ते का संकेत देता है. अगर रेखा थोड़ा ऊपर की ओर झुकी हो तो विवाह के बाद व्यक्ति की तरक्की होती है. लेकिन यदि यह रेखा टूटी-फूटी पतली या अस्पष्ट दिखाई दे तो रिश्ते में बाधाएं आ सकती हैं या शादी टूटने के संकेत माने जाते हैं.

शुक्र पर्वत और गुरु पर्वत भी निभाते हैं अहम भूमिका

महंत कामेश्वरानंद ने बताया सिर्फ विवाह रेखा ही नहीं, बल्कि शुक्र पर्वत और गुरु पर्वत भी वैवाहिक जीवन में अहम भूमिका निभाते हैं. शुक्र पर्वत उभरा और चौड़ा हो तो ससुराल पक्ष से सुख और संपत्ति मिलने की संभावना रहती है. वहीं गुरु पर्वत मजबूत हो तो विवाह जल्दी होने के योग बनते हैं.

लक्ष्मी-नारायण की करें पूजा

महंत कामेश्वरानंद ने बताया अगर शादी में बार-बार रुकावट आ रही हो या रिश्ता तय होकर टूट जाता हो, तो बृहस्पतिवार के दिन केले के पेड़ की पूजा करना लाभकारी माना जाता है. पूजा में हल्दी, चने की दाल, चंदन और कलावा अर्पित करना चाहिए. साथ ही भगवान लक्ष्मी-नारायण की आराधना करने से वैवाहिक जीवन में आने वाली बाधाएं दूर होती हैं और रिश्तों में मजबूती आती है.

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Vivek Kumar

विवेक कुमार एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें मीडिया में 10 साल का अनुभव है. वर्तमान में न्यूज 18 हिंदी के साथ जुड़े हैं और हरियाणा, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड की लोकल खबरों पर नजर रहती है. इसके अलावा इन्हें देश-…और पढ़ें

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