होली के दिन दरवाजे पर करें ये छोटा सा काम, न किया तो बड़ा नुकसान, ज्योतिषी ने बताई वजह
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रंगों का त्योहार होली सकारात्मक ऊर्जा का भी पर्व माना जाता है. ज्योतिष और वास्तु शास्त्र में होली के दिन घर की शुद्धि के कई उपाय बताए गए हैं. इस दिन किया गया छोटा सा उपाय पूरे साल घर में सुख, शांति और समृद्धि बनाए रखता है. लोकल 18 ने इस बारे में ऋषिकेश के ज्योतिषी अखिलेश पांडेय से बात की. वे बताते हैं कि मुख्य द्वार को ऊर्जा का प्रवेश मार्ग माना जाता है, इसलिए यहां की गई छोटी सी अनदेखी बड़े नुकसान की वजह बन सकती है. द्वार पर आम या अशोक के पत्तों की तोरण लगाना भी शुभ होता है. कुछ लोग दरवाजे पर दीपक जलाकर भी शुभता का स्वागत करते हैं.
ऋषिकेश. रंगों का त्योहार होली केवल खुशियों और उमंग का प्रतीक नहीं है, बल्कि यह नकारात्मकता को खत्म कर नई सकारात्मक ऊर्जा का स्वागत करने का भी पर्व माना जाता है. ज्योतिष और वास्तु शास्त्र में होली के दिन घर की शुद्धि और मुख्य दरवाजे के महत्त्व को खास बताया गया है. मान्यता है कि इस दिन किया गया छोटा सा उपाय पूरे साल घर में सुख, शांति और समृद्धि बनाए रखने में सहायक हो सकता है. मुख्य द्वार को ऊर्जा का प्रवेश द्वार माना जाता है, इसलिए यहां की गई छोटी सी अनदेखी बड़े नुकसान का कारण बन सकती है.
ऊर्जा का प्रवेश द्वार
लोकल 18 के साथ बातचीत में ऋषिकेश के ज्योतिषी अखिलेश पांडेय बताते हैं कि वास्तु शास्त्र के अनुसार, घर का मुख्य दरवाजा सकारात्मक और नकारात्मक दोनों तरह की ऊर्जा का प्रवेश मार्ग होता है. होली के दिन इस स्थान की साफ-सफाई बेहद जरूरी मानी जाती है. सबसे पहले दरवाजे और उसके आसपास जमी धूल मिट्टी को अच्छी तरह साफ करना चाहिए. इसके बाद गंगाजल या नमक मिले पानी से छिड़काव करने की परंपरा है. ऐसा माना जाता है कि नमक नकारात्मक ऊर्जा को सोख लेता है और गंगाजल वातावरण को पवित्र करता है.
कई घरों में इस दिन दरवाजे पर हल्दी और रोली से स्वस्तिक का चिन्ह बनाया जाता है. स्वस्तिक को शुभता और मंगल का प्रतीक माना गया है. यह प्रतीक सकारात्मक ऊर्जा को आकर्षित करने का माध्यम माना जाता है. आम या अशोक के पत्तों की तोरण लगाने की भी परंपरा है. शास्त्रों के अनुसार, हरे पत्ते जीवन, ताजगी और समृद्धि के प्रतीक होते हैं. इन्हें लगाने से घर में सुख और शांति का वास बना रहता है. कुछ लोग दरवाजे पर दीपक जलाकर भी शुभता का स्वागत करते हैं. होलिका दहन की रात या धुलंडी की सुबह मुख्य द्वार पर छोटा सा दीप जलाना शुभ माना जाता है. मान्यता है कि अग्नि तत्व नकारात्मक शक्तियों को दूर करता है और घर में नई ऊर्जा का संचार करता है. दरवाजे पर रंगोली बनाना भी सकारात्मक संकेत देता है और देवी लक्ष्मी के स्वागत का प्रतीक माना जाता है.
ये चीज भी जरूरी
होली का पर्व सर्दी से गर्मी के मौसम में बदलाव का संकेत भी देता है. इस समय वातावरण में ऊर्जा का परिवर्तन होता है. ऐसे में घर की ऊर्जा को संतुलित रखना आवश्यक है. मुख्य द्वार पर किए गए ये छोटे उपाय मनोवैज्ञानिक रूप से भी सकारात्मक प्रभाव डालते हैं. जब घर के सदस्य मिलकर सफाई और सजावट करते हैं तो आपसी प्रेम और उत्साह भी बढ़ता है.
हालांकि यह भी जरूरी है कि इन उपायों को अंधविश्वास के बजाय आस्था और सकारात्मक सोच के साथ किया जाए. वास्तु उपाय तभी प्रभावी होते हैं जब घर में आपसी तालमेल, स्वच्छता और सकारात्मक व्यवहार बना रहे. केवल प्रतीक बनाने से नहीं बल्कि अच्छे विचारों और कर्मों से भी घर का वातावरण पवित्र होता है.
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Priyanshu has more than 10 years of experience in journalism. Before News 18 (Network 18 Group), he had worked with Rajsthan Patrika and Amar Ujala. He has Studied Journalism from Indian Institute of Mass Commu…और पढ़ें


