Surya Grahan Eating Tips: रात्रि के समय सूर्य ग्रहण, भूलकर भी न खाएं ये 5 चीजें! रोग-शोक का घर में होगा प्रवेश, बिखर जाएंगी खुशियां

Surya Grahan Eating Tips: रात्रि के समय सूर्य ग्रहण, भूलकर भी न खाएं ये 5 चीजें! रोग-शोक का घर में होगा प्रवेश, बिखर जाएंगी खुशियां

Last Updated:

Sarva Pitru Amavasya And Surya Grahan Eating Tips: ज्योतिषियों का मानना ​​है कि अगर सूर्यग्रहण दिखाई ना भी दे, तो भी कुछ नियमों का पालन जरूर करना चाहिए. खान-पान का ध्यान रखना चाहिए. सर्वपितृ अमावस्या पर अगर आप पितरों को श्राद्ध व तर्पण नहीं भी करते हैं, तो भी कुछ खाद्य पदार्थों से परहेज करें.

कल रात्रि के समय सूर्य ग्रहण, ना खाएं ये 5 चीजें! रोग-शोक का होगा प्रवेश
Surya Grahan on Sarva Pitru Amavasya Eating Tips : 21 सितंबर को सर्वपितृ अमावस्या पर पितरों का श्राद्ध व तर्पण कर पितरों को विदा किया जाएगा. वहीं दूसरी ओर इस दिन साल 2025 का आंशिक सूर्य ग्रहण भी है, जिससे इस दिन का महत्व और भी बढ़ गया है. हालांकि सर्वपितृ अमावस्या पर लगने वाला सूर्य ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा इसलिए इस ग्रहण का सूतक काल मान्य नहीं होगा. ज्योतिषियों का मानना ​​है कि भारत में सूर्य ग्रहण दिखाई ना भी दे, तब भी ग्रहण से जुड़े कुछ नियमों का पालन जरूर करना चाहिए. ग्रहण के दौरान खान-पान का ध्यान अवश्य रखना चाहिए. अगर आप महालया पर अपने पितरों को तर्पण नहीं भी करते हैं, तो भी कुछ खाद्य पदार्थों से परहेज करना चाहिए.

सर्वपितृ अमावस्या और सूर्य ग्रहण के नियम

आश्विन मास की अमावस्या तिथि शनिवार दोपहर 12 बजकर 23 मिनट से शुरू होगी और रविवार दोपहर 12 बजकर 53 मिनट तक रहेगी. उदय तिथि को मानते हुए आश्विन अमावस्या का पर्व 21 सितंबर दिन रविवार को मनाया जाएगा. आश्विन अमावस्या को सर्वपितृ अमावस्या और महालया अमावस्या के नाम से भी जाना जाता है. रविवार को पितरों को विदा कर देने के तुंरत बाद ग्रहण से संबंधित कार्य शुरू हो जाएंगे. सर्वपितृ अमावस्या और सूर्य ग्रहण के लिए कुछ अनुष्ठान और आहार-विहार के नियम बताए गए हैं. ये नियम मूलतः स्वास्थ्य को ध्यान में रखकर बनाए गए थे बाद में इसमें ज्योतिष शास्त्र भी जुड़ गया.

सर्वपितृ अमावस्या पर पितरों की विदाई

सर्वपितृ अमावस्या (पितृपक्ष की अंतिम तिथि) का महत्व है कि इस दिन संपूर्ण पितरों का श्राद्ध-पिंडदान किया जा सकता है, चाहे किसी विशेष तिथि का श्राद्ध करना छूट गया हो. अगर इस दिन सूर्य ग्रहण आ जाए, तो उसका महत्व और भी बढ़ जाता है. शास्त्रों में कहा गया है कि ग्रहणकाल में किए गए दान-पुण्य और श्राद्ध सामान्य काल की तुलना में अनेक गुना फलदायी होते हैं. सर्वपितृ अमावस्या को सूर्यग्रहण पड़े, तो इसे पितृ मोक्ष हेतु अद्वितीय अवसर माना जाता है.

सूर्य ग्रहण 

भूलकर भी न खाएं ये 5 चीजें

  1. सूर्य ग्रहण के दिन मांसाहारी भोजन न करें. शाकाहारी, सात्विक आहार लेने का प्रयास करें.
  2. सूर्य ग्रहण के दिन प्याज, लहसुन और सरसों जैसे राजसिक और तामसिक खाद्य पदार्थों से बचें.
  3. सूर्य ग्रहण के दिन कोई भी कड़वा पदार्थ न खाएं, जिसमें करेला, करेला और नीम शामिल हैं.
  4. पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार, आश्विन माह में दूध का सेवन वर्जित है. विशेषज्ञों का मानना ​​है कि इससे पाचन संबंधी समस्याएं होने की आशंका बनी रहती है. सूर्य ग्रहण के दौरान भी दूध और डेयरी उत्पादों से परहेज करें.
  5. सूर्य ग्रहण के दिन रोटी, भर्ता समेत कोई भी जला हुआ भोजन ना खाएं. इस खास दिन नशीले पदार्थों से भी दूर रहें.

authorimg

Parag Sharma

मैं धार्मिक विषय, ग्रह-नक्षत्र, ज्योतिष उपाय पर 8 साल से भी अधिक समय से काम कर रहा हूं। वेद पुराण, वैदिक ज्योतिष, मेदनी ज्योतिष, राशिफल, टैरो और आर्थिक करियर राशिफल पर गहराई से अध्ययन किया है और अपने ज्ञान से प…और पढ़ें

मैं धार्मिक विषय, ग्रह-नक्षत्र, ज्योतिष उपाय पर 8 साल से भी अधिक समय से काम कर रहा हूं। वेद पुराण, वैदिक ज्योतिष, मेदनी ज्योतिष, राशिफल, टैरो और आर्थिक करियर राशिफल पर गहराई से अध्ययन किया है और अपने ज्ञान से प… और पढ़ें

न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।
homedharm

कल रात्रि के समय सूर्य ग्रहण, ना खाएं ये 5 चीजें! रोग-शोक का होगा प्रवेश

Source link

Previous post

मेहनत के बाद भी क्लाइंट्स नहीं मिल रहे? अपनाएं ये सरल उपाय, बढ़ेगा बिज़नेस और बढ़ेगी कमाई

Next post

शाम की पूजा का सही समय क्या है? अगर आप भी करते हैं गलती तो तुरंत सुधारें, वरना… कंगाली आते नहीं लगेगी देर

You May Have Missed