अगर कुंडली में बन रहे ये योग, तो बन सकते हैं IAS- IPS, देवघर के ज्योतिषी ने बताया ग्रह-नक्षत्र का खेल
व्यक्ति की कुंडली के भाग्य स्थान में शनि स्वग्रही हो. वहीं दशम स्थान में मंगल बैठा हो. इसके साथ ही बुध शुक्र और गुरु में से कोई एक ग्रह पंचम स्थान में बैठा हो. मेष राशि का सूर्य यदि केंद्र में विराजमान हो. इसके साथ कुंडली में शुभ ग्रह परस्पर द्वीद्रवादस योग और लग्नेश मजबूत हो. व्यक्ति प्रशासनिक विभाग में उच्च पद पर पहुंचता है.
Source link


