साढ़ेसाती-ढैय्या से मिलेगी राहत, शनि त्रयोदशी पर शनिदेव को लगाएं 3 भोग, नहीं होगा कोई कष्ट!

साढ़ेसाती-ढैय्या से मिलेगी राहत, शनि त्रयोदशी पर शनिदेव को लगाएं 3 भोग, नहीं होगा कोई कष्ट!

हाइलाइट्स

इस वर्ष शनि त्रयोदशी 11 जनवरी 2025 को मनाई जा रही है.इस दिन काले चने का भोग अर्पित करना बहुत खास माना जाता है.

Shani Trayodashi 2025: हिंदू धर्म में शनि त्रयोदशी का विशेष महत्व है, यह दिन हर साल विशेष रूप से शनि देव की पूजा के लिए समर्पित होता है, शनि त्रयोदशी का पर्व शनि ग्रह के प्रभाव से निवारण प्राप्त करने के लिए मनाया जाता है, शनि देव को न्याय का देवता माना जाता है और उनका प्रभाव व्यक्ति के जीवन पर गहरा होता है, इस दिन सही प्रकार से पूजा करने और खास भोग अर्पित करने से शनि ग्रह के दुष्प्रभावों से मुक्ति मिल सकती है, अब सवाल उठता है कि शनि त्रयोदशी के दिन किस प्रकार के भोग लगाने से लाभ प्राप्त हो सकता है, आइए जानते हैं भोपाल निवासी ज्योतिषी एवं वास्तु सलाहकार पंडित हितेंद्र कुमार शर्मा से.

शनि त्रयोदशी की तिथि और पूजा का मुहूर्त
इस वर्ष शनि त्रयोदशी 11 जनवरी 2025 को सुबह 8 बजकर 21 मिनट से शुरू होकर 12 जनवरी 2025 को सुबह 6 बजकर 33 मिनट तक रहेगी, वहीं शनि प्रदोष पूजा का मुहूर्त 11 जनवरी को शाम 5 बजकर 43 मिनट से लेकर 8 बजकर 26 मिनट तक रहेगा, इस दौरान शनि देव की पूजा विधिपूर्वक करनी चाहिए, ताकि उनकी कृपा प्राप्त हो सके और जीवन में आ रही कठिनाइयों से मुक्ति मिले,

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1. काले चने का भोग
काले चने का भोग शनि देव को अर्पित करने के लिए बहुत खास माना जाता है, काले चने का सेवन या भोग शनि देव को प्रिय होता है और इसे अर्पित करने से जीवन में आ रही समस्याओं से राहत मिल सकती है, खासकर शनि के प्रभाव से पीड़ित लोग काले चने का भोग अर्पित करने से शुभ फलों की प्राप्त कर सकते हैं, यह भोग शनि की साढ़ेसाती या ढैय्या से जूझ रहे व्यक्तियों के लिए बेहद फायदेमंद हो सकता है.

2. काले तिल के लड्डू का भोग
शनि त्रयोदशी के दिन शनि देव को काले तिल के लड्डू का भोग अर्पित करने की परंपरा है, कहा जाता है कि काले तिल शनि देव को बहुत प्रिय होते हैं, काले तिल का भोग लगाने से शनि के कुप्रभाव से छुटकारा मिल सकता है, खासकर जिन जातकों की कुंडली में शनि की साढ़ेसाती या ढैय्या चल रही हो, उनके लिए काले तिल के लड्डू बहुत लाभकारी माने जाते हैं, साथ ही यह भी माना जाता है कि इस भोग को अर्पित करने से व्यक्ति के कर्मों के फल में सुधार होता है और जीवन में सुख-समृद्धि आती है,

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3. खिचड़ी का भोग
शनि त्रयोदशी के दिन शनि देव को खिचड़ी का भोग अर्पित करना भी एक महत्वपूर्ण उपाय है, खिचड़ी का भोग विशेष रूप से शनि देव को प्रिय है, उड़द की दाल से बनी खिचड़ी को शनि देव को अर्पित करने से जीवन में आने वाली परेशानी दूर हो सकती हैं और शुभ फल की प्राप्ति हो सकती है, इसके अलावा, खिचड़ी को शनि देव को अर्पित करने के बाद स्वयं भी सेवन करें, इससे लाभ मिलता है.

Tags: Astrology, Dharma Aastha, Religion

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