एयरपोर्ट डिवोर्स क्या है? जानिए कपल्स के बीच क्यों बन रहा है यह नया ट्रैवल ट्रेंड
अगर आप कभी अपने पार्टनर के साथ ट्रैवल करते वक्त एयरपोर्ट पर बहस कर चुके हैं. कभी देर से पहुंचने को लेकर, कभी लंबी लाइन में खड़े होने को लेकर या फिर ड्यूटी-फ्री शॉपिंग के चक्कर में तो आप अकेले नहीं हैं. एयरपोर्ट ऐसा माहौल बना देता है, जहां अच्छे-अच्छे कपल्स भी चिड़चिड़े हो जाते हैं. इसी रोजमर्रा की परेशानी से निपटने के लिए सोशल मीडिया पर एक नया और मजेदार ट्रेंड सामने आया है, जिसे Airport Divorce कहा जा रहा है.
नाम सुनकर भले ही लगे कि यह रिश्ते टूटने से जुड़ा है, लेकिन हकीकत इससे बिल्कुल अलग है. एयरपोर्ट डिवोर्स का मतलब असली तलाक नहीं, बल्कि एक प्लान्ड और अस्थायी दूरी है, जो कपल्स अपनी ट्रैवल जर्नी को आसान और तनाव-मुक्त बनाने के लिए अपनाते हैं. इसका मकसद लड़ाई से बचना और एक-दूसरे को थोड़ी आज़ादी देना होता है.
एयरपोर्ट डिवोर्स की शुरुआत तब होती है, जब चेक-इन, सिक्योरिटी और जरूरी औपचारिकताएं पूरी हो जाती हैं. इसके बाद कपल आपसी सहमति से कुछ समय के लिए अलग-अलग हो जाते हैं. मान लीजिए एक पार्टनर को ड्यूटी-फ्री में स्किनकेयर या परफ्यूम देखना पसंद है, जबकि दूसरा आराम से गेट के पास बैठकर कॉफी पीना या स्नैक्स लेना चाहता है. ऐसे में दोनों अपनी-अपनी पसंद के हिसाब से समय बिताते हैं और बोर्डिंग के वक्त दोबारा मिलते हैं. इस छोटे से ब्रेक के बाद दोनों ज्यादा शांत, खुश और रिलैक्स महसूस करते हैं.
इस ट्रेंड को सबसे पहले ट्रैवल राइटर ह्यू ओलिवर ने अपने एक कॉलम में “रिलेशनशिप-सेविंग ट्रिक” बताया. उनका कहना था कि एयरपोर्ट डिवोर्स कपल्स को फ्लाइट से पहले होने वाले मेल्टडाउन से बचा सकता है. इसके बाद यह कॉन्सेप्ट सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया, खासतौर पर Gen Z और मिलेनियल्स के बीच, जो रिश्तों में इमोशनल समझ और पर्सनल स्पेस को अहमियत देते हैं.
इंस्टाग्राम पर AirportDivorce के तहत लोग मजेदार वीडियो और पोस्ट शेयर कर रहे हैं. कई कपल्स मजाकिया अंदाज में बता रहे हैं कि कैसे इस छोटे से “ब्रेक” ने उनकी छुट्टियों की शुरुआत को बेहतर बना दिया. कुछ का कहना है कि इससे बेवजह की बहस कम होती है, तो कुछ मानते हैं कि इससे रिश्ते में घुटन नहीं आती. यह ट्रेंड सिर्फ आम लोगों तक ही सीमित नहीं है. कई सेलिब्रिटी कपल्स भी इस आइडिया को अपनाने की बात कर चुके हैं. मशहूर टीवी होस्ट केली रिपा और उनके पति मार्क कंसुएलोस ने भी बताया कि वे एयरपोर्ट पर अलग-अलग तरीके से समय बिताना पसंद करते हैं. एक को जल्दी पहुंचना अच्छा लगता है, तो दूसरा आखिरी समय पर आना पसंद करता है. ऐसे में वे बोर्डिंग से पहले अलग रहते हैं और फ्लाइट के वक्त साथ होते हैं.
एयरपोर्ट डिवोर्स असल में यह मानता है कि हर इंसान अलग है और उसकी ट्रैवल आदतें भी अलग हो सकती हैं. इसका मतलब रिश्ते में दूरी नहीं, बल्कि एक-दूसरे की पसंद और स्पेस का सम्मान है. कई बार प्यार में भी थोड़ी सी आजादी रिश्ते को और मजबूत बना देती है. अगर आप अगली बार अपने पार्टनर के साथ ट्रैवल कर रहे हैं और एयरपोर्ट पर तनाव से बचना चाहते हैं, तो इस ट्रेंड को एक बार जरूर आजमाएं. हो सकता है कि फ्लाइट से पहले की यह छोटी-सी दूरी आपकी पूरी जर्नी को ज्यादा आसान और खुशहाल बना दे.


